गरीब किसानों के लिए योगी सरकार ने लिया एक बहुत अहम फैसल:



कोरोनावायरस को लेकर यू.पी. सरकार लगातार नए-नए फैसले ले रही है। लोगो तक खाने-पीने के सामान पहुंचने से लेकर तिहाड़ी मजदूरों के खातों में पैसें भेजने तक सरकार ने कही अहम फैसलें लिए हैं। 
फसल बुवाई का समय आ गया है और पुरे उत्तर प्रदेश में लॉकडाउन का बहुत सख्ती से पालन करवाया जा रहा है। इसी बीच गरीब किसानों के लिए योगी सरकार ने एक बहुत अहम फैसला लिया है। 

कोरोना के प्रकोप के चलते उत्तर प्रदेश के लघु और सीमांत किसानों को राहत देने के लिए योगी सरकार ने ट्रैक्टरों से मुफ्त में खेतों की जुताई और बुवाई कराने का निर्णय लिया है। 

उत्तर प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्यप्रताप शाही के अनुसार प्रदेश के छोटे किसानों की लागत कम करने के लिए निजी कंपनियों की मदद ली जा रही है। 

कोरोना वायरस महामारी की रोकथाम और किसानों को इस लॉकडाउन की अवधि में खेती से संबंधित सर्व सुविधा उपलब्ध कराने के दृष्टिगत भारत सरकार के कृषि मंत्री मा0 श्री
एन.एस.तोमर
जी के साथ वीडियों कॉन्फ्रेंस के माध्यम से वार्ता हुई।
कृषि मंत्री ने अपने ट्विटर हैंडल पर ट्वीट करके कहा कि मैसी टैफे कंपनी के सहयोग से लघु व सीमांत किसानों को आगामी दो माह तक फसल कटाई, खेतों की जुताई व बुवाई मुफ्त में प्रदान की जाएगी। यह सुविधा अगले 2 महीने के लिए होगी जो छोटे किसानों के लिए कटाई और बुवाई का मौसम होगा और जिसका खर्च सरकार उठाएगी।

पहले चरण में ये योजना यूपी के लखनऊ, वाराणसी और गोरखपुर समेत 16 जिलों में लागू की जा रही है।
दूसरे चरण में बस्ती, सिद्धार्थनगर, बहराइच, बलरामपुर, देवरिया, कुशीनगर, श्रावस्ती, चंदौली, फतेहपुर,  मेरठ, व चित्रकूट  जिलों के छोटे किसानों को सुविधा उपलब्ध कराने की योजना है

यह मौसम खेत से गेहूं और तिलहन जैसी फसलों की कटाई है। कोरोना संक्रमण और लॉकडाउन के चलते किसान भी अपने घरों से निकल नहीं रहे हैं, जिसके चलते किसान खेतों की फसल की कटाई और बुआई की तैयारी नहीं कर पा रहे हैं। इस तरह से किसानों को दोहरी मार का सामना करना पड़ा रहा है। इसी को देखते हुए योगी सरकार ने गरीब किसानों को रहत प्रदान करने के लिए यह निर्णय लिया है।